राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र
(एनसीआर) में सार्वजनिक परिवहन
व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण
अनुकल ू बनाने की दिशा में एक बड़ा
कदम उठाते हुए नोएडा, ग्रेटर नोएडा और
यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में ई-बस सेवा की
शुरुआत होने जा रही है। मुख्यमंत्री योगी
आदित्यनाथ शुक्रवार को इन बसों को हरी
झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। कार्यक्रम
का आयोजन सेक्टर-33ए स्थित शिल्प
हाट में किया जाएगा, जिसकी तैयारियां
तेजी से पूरी की जा रही हैं। बताया गया
है कि उद्घाटन समारोह में करीब 300
लोगों के शामिल होने की संभावना है।
इस अवसर पर 10 इलेक्ट्रिक बसें शिल्प
हाट परिसर में मौजूद रहेंगी, जबकि अन्य
बसें सेक्टर-90 स्थित बस डिपो से अपने
निर्धारित मार्गों पर संचालन शुरू करेंगी।
पहले चरण में नोएडा, ग्रेटर नोएडा और
यमुना प्राधिकरण अपने-अपने क्षेत्रों में
10-10 बसों का संचालन शुरू करेंगे।
नोएडा प्राधिकरण की एसीईओ वंदना
त्रिपाठी के अनुसार तीनों प्राधिकरणों ने
अपने-अपने क्षेत्रों में बसों के संचालन के
लिए विस्तृत रूट प्लान तैयार कर लिया
है। फिलहाल चार प्रमुख रूटों को अंतिम
रूप दिया जा रहा है। इन बसों का न्यूनतम
किराया 20 रुपए और अधिकतम किराया
50 रुपए निर्धारित किया गया है, जिससे
यात्रियों को किफायती और सुविधाजनक
यात्रा का विकल्पमिलेगा।
ई-बस सेवा का प्रमुख उद्देश्य आगामी
जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट
को नोएडा, ग्रेटर नोएडा और आसपास के
क्षेत्रों से बेहतर कनेक्टिविटीप्रदान करना
है। कई रूट सीधे एयरपोर्ट तक जाएंगे,
जबकि कुछ बसें बॉटनिकल गार्डन,
सेक्टर-62, ग्रेटर नोएडा वेस्ट, सूरजपुर
और परी चौक जैसे महत्वपूर्ण स्थानों
को जोड़ेंगी। इसके अलावा, यात्रियों
को सराय काले खां, आनंद विहार,
गाजियाबाद और आईएसबीटी तक भी
कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई जाएगी।
यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में ग्रामीण
और शहरी इलाकों को जोड़ने के लिए
कई लंबे रूट निर्धारित किए गए हैं।
रबूपुरा, दनकौर, जहांगीरपुर, बिलासपुर,
गलगोटिया विश्वविद्यालय, जीबीयू,
जिम्स, परी चौक और सूरजपुर जैसे
महत्वपूर्ण स्थान इन रूटों में शामिल हैं।
वहीं ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में चार मूर्ति चौक,
130 मीटर रोड, मकौड़ा गोलचक्कर,
तिलपता गोलचक्कर और स्वर्णनगरी
से एयरपोर्ट तक बसों का संचालन किया
जाएगा। प्राधिकरण के अनुसार वर्तमान
में 100 ई-बसों के संचालन की योजना
है, जिसमें नोएडा में 50 तथा ग्रेटर नोएडा
और यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में 25-25
बसें संचालित की जाएंगी। इसके अलावा
उत्तर प्रदेश कैबिनेट ने 100 अतिरिक्त
ई-बसों को भी मंजूरीप्रदान कर दी है।