जम्मू के उधमपुर में
सोमवार सुबह एक बस हादसे का शिकार
हो गई। रामनगर से आ रही बस कगोत
के पास सड़क से करीब 100 मीटर नीचे
गिरकर पलट गई। न्यूज एजेंसी PTI के
मुताबिक इस हादसे में 21 लोगों की मौत
हो गई, जबकि 29 से ज्यादा यात्री घायल
हो गए। हादसा सुबह करीब 10 बजे
हुआ। बस में 50 यात्री सवार थे, जिनमें
से ज्यादातर लोग रामनगर से उधमपुर में
अपने रोजाना के काम पर जा रहे थे।
15
यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई थी,
जबकि बाकी 6 लोगों ने इलाज के दौरान
दम तोड़ दिया।
घायलों के मुताबिक बस ओवरलोड
थी, रफ्तार भी तेज थी। कगोत नाले के
पास अचानक बस का टायर फट गया।
इससे ड्राइवर उसे कंट्रोल नहीं कर सका।
और बस सड़क से नीचे गिर गई। हादसे
में बस का ऊपरी हिस्सा पूरी तरह नष्ट
हो गया है। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने
सोशल मीडिया पर एक पोस्ट पर बताया
कि हादसे का शिकार हुई बस पब्लिक
ट्रांसपोर्ट की थी।
घायलों का इलाज
GMC ऊधमपुर में किया जा रहा है।
इधर, पीएम मोदी ने हादसे में मरने वाले
लोगों के लिए संवेदना जताई और मृतकों
के परिवार को 2-2 लाख और घायलों को
50 हजार के मुआवजे का ऐलान किया है।
हादसे वाली जगह पर मौजूद लोगों
ने बताया कि हादसे की वजह बस का
ओवरलोड और तेज रफ्तार होना था।
घायल यात्रियों से पूछा गया तो वे बोले
कि ड्राइवर बहुत तेज बस चला रहा था।
बस का टायर फटने से वह स्पीड कंट्रोल
नहीं कर सका। जिसके कारण वह करीब
100 मीटर की ऊंचाई से गिर गई। बस
नीचे सड़क पर उलटी गिरने से पहले
एक ऑटो-रिक्शा को कुचलती हुई गई।
अधिकारियों ने बताया कि ऑटो-रिक्शा
में सवार लोगों को चोटें आईं, लेकिन वे
बच गए। हादसे के बाद उसी रास्ते से
गुजर रहे सेना के एक काफिले ने बचाव
अभियान की कमान संभाली। बाद में एक
हाइड्रोलिक क्रेन की मदद से गाड़ी को
सीधा किया गया।