। पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्षों के बीच
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने मंगलवार को
कहा कि अगर कच्चे तेल की कीमतें इसी तरह ऊंची बनी रहीं, तो
सरकारी तेल विपणन कंपनियों (ओएमसी) के वित्त वर्ष 2026
के पूरे मुनाफे के खत्म होने की संभावना है।
‘सीआईआई एनुअल
बिजनेस समिट 2026’ में बोलते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि मध्य
पूर्व में बढ़ते तनाव के कारण पैदा हुए ऊर्जा संकट ने भारतीय तेल
कंपनियों पर भारी दबाव डाला है। उन्होंने बताया कि फिलहाल
सरकारी तेल कंपनियों को हर दिन करीब 1,000 करोड़ रुपए का
नुकसान हो रहा है।
अगर यही स्थिति जारी रही, तो एक तिमाही
में इन कंपनियों का कुल नुकसान करीब 1 लाख करोड़ रुपए तक
पहुंच सकता है।
अमेरिका-ईरान तनाव और आपूर्ति में रुकावट की आशंकाओं
के चलते वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर
प्रति बैरल के पार पहुंच गई हैं। इससे तेल कंपनियों पर दबाव और
बढ़ गया है। हरदीप सिंह पुरी ने आगे कहा कि मौजूदा कीमतों पर
अगर एक तिमाही तक नुकसान जारी रहता है, तो सरकारी तेल
कंपनियों का वित्त वर्ष 2026 का पूरा टैक्स के बाद का मुनाफा
खत्म हो सकता है।
चर्चा के दौरान दिए गए इंडस्ट्री अनुमान के
मुताबिक, सरकारी तेल कंपनियां — इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन,
भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम — वित्त वर्ष 2027
की पहली तिमाही में मिलाकर करीब 1.2 लाख करोड़ रुपए का
नुकसान दर्ज कर सकती हैं।